धर्म पर महापुरुषों के 19 अनमोल वचन

धर्म पर सर्वश्रेष्ठ अनमोल विचार

Quotes on Religion in Hindi

Quotes About Religion In Hindi

हर अवसर और हर परिस्थिति में, जो भी अपना कर्तव्य दिखाई दे, उसे ही अपना धर्म समझकर पूरा करना चाहिए।

भगवद गीता

दुसरो की भलाई के समान कोई धर्म नही, दुसरो को पीड़ा पहुचाने से बड़ा कोई अधर्म नही। (पर हित सरिस धर्म नहिं भाई, परपीड़ा सम नहिं अधमाई)

तुलसीदास जी

दो धर्मों का कभी भी झगड़ा नहीं होता है। सब धर्मों का केवल अधर्म से ही झगड़ा होता हैं।

विनोबा भावे

धर्म के बिना इंसान बिना लगाम के घोड़े की तरह है।

सर्वपल्ली राधाकृष्णन

मेरे लिए धर्म कार्य के प्रति समर्पण है और निष्ठापूर्वक काम करना ही धर्म है।

Narendra Modi

धर्म के बिना विज्ञान लंगड़ा है, विज्ञान के बिना धर्म अंधा है।

अल्बर्ट आइंस्टीन

ईश्वर हर चीज में है और साथ ही हर चीज से ऊपर भी है।

भगवद गीता

लोगों की खुशी के लिए पहली आवश्यकता धर्म का अंत है।

कार्ल मार्क्स

धर्म लोगो के लिए अफीम की तरह है।

कार्ल मार्क्स

मेरा धर्म बहुत ही सरल हैं, मेरा धर्म दयालुता हैं।

दलाई लामा

यदि आपका कोई विशेष धर्म या विश्वास है, तो यह अच्छा है। लेकिन आप इसके बिना जीवित रह सकते हैं।

दलाई लामा

मैं ऐसे धर्म को मानता हूं, जो स्वतंत्रता, समानता और भाईचारा सिखाएं।

B. R. Ambedkar

आत्म सम्मान की रक्षा हमारा पहला धर्म होना चाहिए।

प्रेमचंद

ईश्वर का कोई धर्म नही है।

महात्मा गांधी

पूजा करते समय शरीर की मुद्रा नही बल्कि अपने हृदय की पवित्रता मायने रखती हैं।

Billy Graham

किसी भी धर्म को अपना अस्तित्व बनाए रखने और बढ़ाने के लिए किसी और धर्म के लोगों को मारने की जरूरत नहीं है।

अब्दुल कलाम

नदियाँ, तालाब, झीलें और धाराएँ – इन सभी के अलग-अलग नाम हैं, लेकिन इन सभी में पानी होता है। ठीक उसी प्रकार अलग अलग धर्मो में भी सत्य एक ही होता है।

मुहम्मद अली

वह इंसान अभागा है जो संसार के सबसे पवित्र धर्म कृतज्ञता (Gratitude) को भूल जाता है।

जयशंकर प्रसाद